Menu
कोटासर की श्री करणी गौशाला में मकर संक्रांति के पर्व पर कामाख्या गौ सेवा मंडल ने गौ वंश को ओढ़ाए 101 कंबल,दानदाताओं ने बढ़ चढ़कर की गौसेवा  |  मोमासर: सुरवि चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा निःशुल्क दंत चिकित्सा शिविर का आयोजन, 800 लोगों ने कराया उपचार  |  श्री गोपाल गौशाला दुलचासर में दानदाताओं ने की गौसेवा  |  श्रीडूंगरगढ़ से बड़ी खबरः नशे के सौदागरों पर पुलिस का शिकंजा, 7 किलो अधिक  डोडा पोस्त जब्त  |  अखिल भारतीय किसान सभा की जिला बैठक सम्पन्न, बिजली व बीज विधेयक 2025 के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी  | 

24 दिसंबर 2025,बुधवार,आज का पंचांग व राशिफल साथ जानें रोजाना और भी नई कुछ खास बातें पंडित नरेश सारस्वत रीड़ी के साथ

Post BannerPost BannerPost BannerPost BannerPost Banner

श्रीडूंगरगढ़ टुडे 24 दिसंबर 2025

पंचांग का अति प्राचीन काल से ही बहुत महत्त्व माना गया है। शास्त्रों में भी पंचांग को बहुत महत्त्व दिया गया है और पंचाग का पठन एवं श्रवण अति शुभ माना गया है। पंचांग में सूर्योदय सूर्यास्त, चद्रोदय-चन्द्रास्त काल, तिथि, नक्षत्र, मुहूर्त योगकाल, करण, सूर्य-चंद्र के राशि, चौघड़िया मुहूर्त दिए गए हैं।

🙏🏾जय श्री गणेशाय नमः🙏🏾

🙏🏾जय श्री कृष्णा🙏🏾

🕉️आज का पंचांग-24.12.2025🕉️

✴️दैनिक गोचर ग्रह एवं राशिफल✴️
🕉️ शुभ बुधवार – 🌞 – शुभ प्रभात् 🕉️
74-30💥मध्यमान्💥75-30
(केतकी चित्रापक्षीय गणितानुसारेण निर्मितम्)


आज विशेष

श्री धन कुबेर एक परिचय एवं आराधना प्रकार
श्री कुबेर धन के स्वामी..पूरी धार्मिक जानकारी


दैनिक पंचांग विवरण


आज दिनांक………………….24.12.2025
कलियुग संवत्…………………………5127
विक्रम संवत्…………………………. 2082
शक संवत्……………………………..1947
संवत्सर…………………………. श्री सिद्धार्थी
अयन…………………………………..दक्षिण
गोल………………………. …………..दक्षिण
ऋतु…………………………………… .हेमंत
मास………………………………………पौष
पक्ष……………………………………..शुक्ल
तिथि…… चतुर्थी. अपरा. 1.12 तक / पंचमी
वार………………………………….. .बुधवार नक्षत्र……………….धनिष्ठा. संपूर्ण (अहोरात्र)
चंद्रमा……….. मकर. रात्रि 7.46 तक / कुंभ
योग……….. हर्षण. अपरा. 4.01 तक / वज्र
करण……….. विष्टि(भद्रा).अपरा. 1.12 तक
करण………. .बव. रात्रि 1.30 तक / बालव


नोट-जिस रात्रि समय के ऊपर(*) लगा हुआ हो
वह समय अर्द्ध रात्रि के बाद सूर्योदय तक का है।


विभिन्न नगरों के सूर्योदय में समयांतर मिनट

दिल्ली -10 मिनट———जोधपुर +6 मिनट
जयपुर -5 मिनट——अहमदाबाद +8 मिनट
इंदौर – 4 मिनट————-मुंबई +7 मिनट
लखनऊ – 25 मिनट——बीकानेर +5 मिनट
कोलकाता -54 मिनट–जैसलमेर +15 मिनट


सूर्योंदयास्त दिनमानादि-अन्य आवश्यक सूची


सूर्योदय…………………. प्रातः 7.15.34 पर
सूर्यास्त…………………..सायं. 5.46.41 पर
दिनमान-घं.मि.से……………….. 10.31.07
रात्रिमान………………………….13.29.18
चंद्रोदय……………….. .10.21.43 AM पर
चंद्रास्त………………….. 9.41.42 PM पर
राहुकाल.अपरा.12.31 से 1.50 तक(अशुभ)
यमघंट………प्रातः 8.34 से 9.53 तक(शुभ)
गुलिक..पूर्वा.11.12 से 12.31 (शुभे त्याज्य)
अभिजित…मध्या.12.10 से 12.52 (अशुभ)
पंचक………………….रात्रि. 7.46 पर प्रारंभ
हवन मुहूर्त……………………… आज नहीं है।
दिशाशूल…………………………. उत्तर दिशा
दोष परिहार…… तिल का सेवन कर यात्रा करें


🌄विशिष्ट काल-मुहूर्त-वेला परिचय🌄


अभिजित् मुहुर्त – दिनार्द्ध से एक घटी पहले और एक घटी बाद का समय अभिजित मुहूर्त कहलाता है,पर बुधवार को यह शुभ नहीं होता


ब्रह्म मुहूर्त – सूर्योदय से पहले का 1.30 घंटे का समय ब्रह्म मुहूर्त कहलाता है।


प्रदोष काल – सूर्यास्त के पहले 45 मिनट और
बाद का 45 मिनट प्रदोष माना जाता है।


गौधूलिक काल-सूर्यास्त से 12 मिनट पहले एवं
12 मिनट बाद का समय कहलाता है।


🌄✴️भद्रा वास शुभाशुभ विचार✴️🌄


भद्रा मेष, वृष, मिथुन, वृश्चिक के चंद्रमा में स्वर्ग में व कन्या, तुला, धनु, मकर के चंद्रमा में पाताल लोक में और कुंभ, मीन, कर्क, सिंह के चंद्रमा में मृत्युलोक में मानी जाती है।यहां स्वर्ग और पाताल लोक की भद्रा शुभ मानी जाती हैं।और मृत्युलोक की भद्रा काल में शुभ कार्य वर्जित होते हैं।इसी तरह भद्रा फल विचार करें..


✴️सूर्योदय कालीन लग्न एवं ग्रह स्पष्ट✴️


लग्न / ग्रह – राशि – अंश – कला – चरणाक्षर


लग्न ……………. धनु 7°56′ मूल 3 भा
सूर्य …………….. धनु 8°16′ मूल 3 भा
चन्द्र ……… मकर 23°25′ धनिष्ठा 1 गा
बुध …….. वृश्चिक 22°33′ ज्येष्ठा 2 या
शुक्र ^ …………… धनु 5°2′ मूल 2 यो
मंगल ^ ……….धनु 12°26′ मूल 4 भी
बृहस्पति * ..मिथुन 28°8′ पुनर्वसु 3 हा
शनि ……मीन 1°37′ पूर्वभाद्रपदा 4 दी
राहू * …..कुम्भ 18°27′ शतभिषा 4 सू
केतु *.. सिंह 18°27′ पूर्व फाल्गुनी 2 टा


✴️🌄दिन का चौघड़िया🌄✴️


लाभ……………..प्रातः 7.16 से 8.34 तक
अमृत…………….प्रातः 8.34 से 9.53 तक
शुभ…………..पूर्वा. 11.12 से 12.31 तक
चंचल…………..अपरा. 3.09 से 4.28 तक
लाभ……………..सायं. 4.28 से 5.47 तक


✴️🌄रात्रि का चौघड़िया🌄✴️


शुभ……………..रात्रि. 7.28 से 9.09 तक
अमृत………….रात्रि. 9.09 से 10.50 तक
चंचल…. रात. 10.50 से 12.31 AM तक
लाभ…रात्रि. 3.54 AM से 5.35 AM तक


(विशेष – ज्योतिष शास्त्र में एक शुभ योग और एक अशुभ योग जब भी साथ साथ आते हैं तो शुभ योग की स्वीकार्यता मानी गई है )


🌞🕉️शुभ शिववास की तिथियां🕉️🌞

शुक्ल पक्ष-2—–5—–6—- 9——-12—-13.
कृष्ण पक्ष-1—4—-5—-8—11—-12—-30.


दिन नक्षत्र एवं चरणाक्षर संबंधी संपूर्ण विवरण

संदर्भ विशेष –यदि किसी बालक का जन्म गंड नक्षत्रों (रेवती, अश्विनी, अश्लेषा, मघा, ज्येष्ठा और मूल) में होता है तो सविधि नक्षत्र शांति की आवश्यक मानी गयी है जो सविधि होनी चाहिये

आज जन्मे बालकों का नक्षत्र के चरण के समय समय के अनुसार राशिगत् नामाक्षर….


समय-नक्षत्र नाम-नक्षत्र चरण-चरणाक्षर


01.27 AM तक—धनिष्ठा—–1——गा
07.46 PM तक—धनिष्ठा —–2——गी

राशि मकर – पाया ताम्र


02.02 AM तक—धनिष्ठा —–3——-गू
उपरात रात्रि तक—धनिष्ठा—–4——-गे_______राशि कुंभ - पाया ताम्र_______


आज का दिन


व्रत विशेष…………………………….नहीं है।
अन्य व्रत…………………………….. नहीं है।
पर्व विशेष…………………………….नहीं है।
दिन विशेष…………राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस
विष्टि(भद्रा)……………….अपरा.1.12 तक
हवन मुहूर्त……………………..आज नहीं है।
खगोलीय……………………… आज नहीं है।
पंचक………………. रात्रि. 7.46 पर प्रारंभ
सर्वा.सि.योग………………….. आज नहीं है।अमृ.सि.योग……………………आज नहीं है।

सिद्ध रवियोग…………………..आज नहीं है।


अगले दिन की प्रतीकात्मक जानकारी


दिनांक……………………… 25.12.2025
तिथि……………. पौष शुक्ला पंचमी गुरुवार
व्रत विशेष……………………………. नहीं है।
अन्य व्रत…………………………….. नहीं है।
पर्व विशेष……………………………. नहीं है।
दिन विशेष……….. क्रिसमस डे (केथोलिक)
दिन विशेष…….मदन मोहन मालवीय जयंति
विष्टि(भद्रा)………………………..आज नहीं हवन मुहूर्त…………………………. .आज है।
खगोलीय…. पूषायां भौम. अपरा.12.13 पर
पंचक…………………………………जारी है।
सर्वा.सि.योग……………………आज नहीं है। अमृ.सि.योग…………………… आज नहीं है।

सिद्ध रवियोग……. प्रातः 8.18 से रात्रि पर्यंत


✴️आज की विशेष प्रस्तुति✴️

💥धर्म ज्योतिष वास्तु एवं गोचर राशिफल 💥


श्री धन कुबेर एक परिचय एवं आराधना प्रकार
श्री कुबेर धन के स्वामी..पूरी धार्मिक जानकारी

भारत एक ऐसा देश है जहां हमारे हिंदू धर्म में हर वस्तु विशेष की पूजा देवी-देवताओं के रुप में की जाती है जो चीजें हमारे जीवन की जरूरत है या जिनके बिना हम जी नहीं सकते उन्हें हम देवी-देवताओं के रूप में पूजते हैं जैसे अग्नि, पानी, वायु ,सूर्य, वर्षा आदि आज का युग जिसमें हम सब के लिए सबसे जरूरी और सर्वश्रेष्ठ जो चीज है वह है धन। हर इंसान सारा जीवन धन के लिए जूझता है कभी-कभी तो खुद की सेहत और रिश्तो को धन के लिए दांव पर लगा देता है, इसलिए आज के युग में जहां धन इतना जरूरी है वहां धन के देवता की पूजा करना भी उतना ही आवश्यक है।

कुबेर कलयुग में ही नहीं उससे भी पहले कई युगों से पूजे जाते हैं वैसे तो कुबेर की कई कथाएं प्रसिद्ध हैं, परंतु उनकी एक कथा जो पुराणों में मिलती है वह यह है कि पुलस्त्य ऋषि के पुत्र विश्रवा थे और विश्रवा की 4 पत्नियां थी जिनमें से एक पत्नी का नाम इडविडा था जिनसे कुबेर का जन्म हुआ। इडविडा राजा की पुत्री थी और कैकसी से रावण का जन्म हुआ, कैकसी राक्षसी थी। रावण और कुबेर दोनों सोतेले भाई थे, कहते हैं ब्रह्मा जी ने वरदान में विश्वकर्मा से सोने की लंका बनवाकर कुबेर को भेंट की थी और मन की गति से चलने वाला पुष्पक विमान भी दिया था परंतु रावण ने उस से ना केवल लंका बल्कि पुष्पक विमान भी छीन लिया था।

हमारे देश में विद्या और ज्ञान को ज्यादा महत्व दिया जाता है कोई भी देवी देवता है ऐसे नहीं है जो ज्ञान के प्रारूप ना हो यहां धन को इतना महत्व नहीं दिया जाता जितना ज्ञान को, अक्सर हम सुनते हैं कि ज्यादा धन होना अच्छा नहीं है ज्यादा धन होने से व्यक्ति धन के बोझ के नीचे दब जाता है इसलिए कथा वाचकों ने और मूर्तिकारों ने कुबेर को तीन टांग वाला और कुबड़ा दिखाया है परंतु वेदों में इसका कोई वृतांत नहीं मिलता कि कुबेर कुरूप थे ।

कुबेर के लिए एक और कहानी प्रचलित है कि कुबेर अपने पिछले जन्म में चोर थे, वह देर रात मंदिरों में चोरी करते थे, एक बार वो चोरी करने शिव मंदिर में घुसे,तब मंदिर में अंधेरा था और उन्होंने मंदिर में रोशनी के लिए दीपक जलाया लेकिन हवा ज्यादा चलने के कारण दीपक बुझ गया,कुबेर ने फिर दीपक जलाया,वह दीपक फिर बुझ गया। यह क्रम उन्होंने कई बार किया, वहां विराजमान भोले शंकर ने अपने दीपक को बुझने से बचाने के लिए खुश होकर कुबेर को धनपति होने का वरदान दिया इसी कारण अपने अगले जन्म में उनका जन्म कुबेर के रूप में हुआ।

एक और कथा बहुत प्रसिद्ध है कि एक बार कुबेर जी के मन में अहंकार आ गया कि मेरे पास अपार धन संपदा है मैं इससे कुछ भी कर सकता हूं जितने चाहे उतने लोगों का पेट भर सकता हूं मेरा खजाना कभी खाली नहीं हो सकता।इस बात के अहंकार में आकर उन्होंने कई देवों को खाने का निमंत्रण दिया। कुबेर शिवभक्त थे इसलिए सबसे पहले वह शिवजी के पास कैलाश गए और उनको खाने का निमंत्रण दिया परंतु शिवजी ने बड़ी विनम्रता के साथ उनका निमंत्रण यह कहकर अस्वीकार कर दिया कि वह कैलाश छोड़कर नहीं जा सकते इतने में पार्वती जी ने शिव भगवान से कहा कि आप निमंत्रण को अस्वीकार ना करें,हम अपने पुत्र गणेश को खाने पर भेज सकते हैं। फिर कुबेर जी गणेश जी का निमंत्रण सविकार करके वहां से चले गए अगले दिन कुबेर जी सभी देवताओं का स्वागत करने के लिए अपने महल के बाहर खड़े थे तभी गणेश जी वहां पधारें।कुबेर ने कहा कि आईए गजानन ,आप पेट भर कर खाइए यहां पर सब चीजें मौजूद हैं जब गणेश जी खाना खाने बैठे तो वह खाते ही रहे सब देवता खाना खा कर चले गए, परंतु गणेश जी खाते ही रहे ,अंदर पका हुआ सारा भोजन समाप्त हो गया ।

फिर कुबेर जी गणेश जी के पास आए उन्होंने कहा कि आपके लिए और भोजन पकाया जा रहा है आप इंतजार करें, गणेश जी गुस्से में आ गए वह रसोई घर में गए वहां सभी सब्जियां जो अधपकी थी वह सब उन्होंने खा ली। फिर भी उनका पेट नहीं भरा, इतने में वह गुस्से में आकर कुबेर के पीछे भागने लगे,दोनों भागते-भागते कैलाश पर्वत पर पहुंच गए वह शिव भगवान के पास जाकर कुबेर जी ने उनके पांव पकड़ लिए भगवान शिव ने गणेश जी से पूछा क्या आप ऐसा क्यों कर रहे हैं, गणेश जी ने कहा के कुबेर ने कहा था कि उनके पास खाने का सब सामान है जिससे उनका पेट भर जाएगा परंतु मेरा पेट अभी तक नहीं भरा भगवान शिव ने गणेश जी को मोदक खाने को दिए जिनसे उनका पेट भर गया ।इस कहानी से यह शिक्षा मिलती है की अहंकार करने से किसी का पेट नहीं भरता सब कुछ होते हुए भी कुबेर भगवान गणेश का पेट नहीं भर सके उनके पास कभी न खत्म होने वाला धन है परंतु फिर भी वह गणेशजी जी की भूख नहीं मिटा पाए। यह कहानी उन व्यक्तियों के लिए शिक्षा है जो धनवान होने का अभिमान करते हैं इस कहानी से हमें शिक्षा मिलती है कि धन होना अच्छा है परंतु धन का अहंकार हो ना बहुत बुरा है अगर कुबेर धन के देवता होकर भी परीक्षा में पड़ सकते हैं तो हम इंसान क्या हैं।

कुबेर जी नौ निधियों के देवता माने गए है इसके लिए एक कहानी प्रचलित है कि ऋषि पुलस्त्य के ऊपर एक विपदा आ गई, उनके गांव में सूखा पड़ गया उनके पास धन की कमी हो गई ,जिसके लिए उन्होंने गणपति जी की आराधना की क्योंकि वेदों के नियम के अनुसार कुबेर जी कि सीधे आराधना नहीं की जाती थी इसलिए गणपति जी ने कुबेर को ऋषि की मदद करने के लिए कहा।

कुबेर जी ने प्रकट होकर ऋषि पुलसत्य को कहा कि अगर मेरे नौ रूपों में से किसी एक रूप की आराधना की जाएगी तो आप को अपार धन लाभ होगा। इसी कथा के अनुसार जो भी कुबेर जी के नौ रूपों में से किसी भी रूप की प्रार्थना करता है उसे धन की कभी कमी नहीं होती कुबेर के नौ रूपों में से पहला रूप है

धनकुबेर — धनकुबेर की धन प्राप्त करने के लिए आराधना की जाती है इनकी आराधना मंगलवार के दिन की जाती है इनकी आराधना के समय पूर्व दिशा मैं मुख होना चाहिए।

पुष्प कुबेर — रिश्तो को सौम्या बनाने के लिए पुष्प रूप कुबेर की आराधना की जाती है इनका दिन मंगलवार है और इनकी दिशा उत्तर दिशा मानी गई है।

चंद्र कुबेर — चंद्र कुबेर की आराधना संतान प्राप्ति के लिए की जाती है इनकी आराधना रविवार के दिन की जाती है इस आराधना के लिए मुख पूर्व दिशा की ओर होना चाहिए।

पीत कुबेर — पीत कुबेर को संपत्ति के लिए पूजा जाता है जिन लोगों को प्रॉपर्टी चाहिए, उन्हें पीत कुबेर की पूजा करनी चाहिए पीत कुबेर की पूजा करने के लिए बुधवार का दिन शुभ माना गया है इसके लिए मुख पश्चिम दिशा की तरफ होना चाहिए।

हंस कुबेर — कानूनी दावपेंच,मुकदमे में जीत आदि के लिए हंस कुबेर की पूजा की जाती है इनकी आराधना शनिवार के दिन की जाती है, और मुख दक्षिण दिशा की तरफ होना चाहिए।

राग कुबेर — राग कुबेर की आराधना शिक्षा प्राप्ति के लिए लेखन,चित्र कला,नृत्य आदि में प्रसिद्धि के लिए की जाती है इसका दिन वीरवार है और दिशा पूर्व दिशा मानी गई है।

अमृत कुबेर — सभी रोगों की के नाश के लिए अमृत कुबेर की पूजा की जाती है इनकी आराधना शुक्रवार के दिन की जाती है और मुख पश्चिम दिशा में होना चाहिए।

प्राण कुबेर — ऋण नाशक प्राण कुबेर की आराधना सोमवार के दिन उत्तर दिशा की तरफ मुख करके करनी चाहिए इससे सभी प्रकार के ऋणों का नाश होता है।

उग्र कुबेर — उग्र कुबेर की आराधना शत्रु नाश के लिए की जाती है इनकी आराधना शनिवार के दिन की जाती है इस आराधना के समय मुख पूर्व दिशा की ओर होना चाहिए।

इस प्रकार कुबेर के नौ रुपों में से किसी भी रूप की आराधना करने से मनचाहा फल प्राप्त होता है दीपावली और धनतेरस के दिन कुबेर साधना का महत्व और भी बढ़ जाता है।


✴️ 🕉️आज का राशिफल🕉️ ✴️


मेष-(चू चे चो ला ली लू ले लो अ)

यह बात सिर्फ़ आप जानते हैं कि आपके लिए क्या बेहतर है, इसलिए मज़बूत और स्पष्टवादी बनें तथा फ़ैसले तुरन्त लें और उनके परिणामों का सामना करने के लिए तैयार रहें। व्यापार को मजबूती देने के लिए आज आप कोई अहम कदम उठा सकते हैं जिसके लिए आपका कोई करीबी आपकी आर्थिक मदद कर सकता है। बच्चों के साथ ज़्यादा सख़्ती उन्हें नाराज़ कर सकती है। ख़ुद को नियंत्रित रखने और यह याद रखने की ज़रूरत है कि ऐसा करने से आप अपने और उनके बीच दीवार खड़ी कर लेंगे। आज आपके प्रिय को आपके अस्थिर रवैये के चलते आपसे तालमेल बिठाने में काफ़ी दिक़्क़त का सामना करना पड़ेगा। कार्यक्षेत्र में आपके प्रतिद्वन्द्वियों को अपने ग़लत कामों का फल मिलेगा। आज ऐसी कई सारी चीज़ें होंगी – जिनकी तरफ़ तुरन्त ग़ौर करने की आवश्यकता है। आपको और आपके जीवनसाथी को वैवाहिक जीवन में कुछ निजता की ज़रूरत हे।

वृषभ-(इ उ एओ वा वी वू वे वो)
आज आप शान्त और तनाव-रहित रहें। अचानक आए ख़र्चे आर्थिक बोझ बढ़ा सकते हैं। तल्ख़ बर्ताव के बावजूद आपको जीवन-साथी का सहयोग मिलेगा। प्रेम के दृष्टिकोण से उत्तम दिन है। सहकर्मियों के साथ काम करते वक़्त युक्ति और चतुरता की ज़रूरत होगी। आपके घर का कोई करीबी शख्स आज आपके साथ वक्त बिताने की बात कहेगा लेकिन आपके पास उनके लिए वक्त नहीं होगा जिसकी वजह से उनको तो बुरा लगेगा ही आपको भी बुरा लगेगा। समय की कमी की वजह से आप दोनो के बीच निराशा या कुंठा के भाव पनप सकते हैं।

मिथुन- (क की कू घ ङ छ के को ह)
आज अगर आपकी योजना बाहर घूमने-फिरने की है तो आपका वक़्त हँसी-ख़ुशी और सुकून भरा रहेगा। पैसे की अहमियत को आप अच्छे से जानते हैं इसलिए आज के दिन आपके द्वारा बचाया गया धन आपके बहुत काम आ सकता है और आप किसी बड़ी मुश्किल से निकल सकते हैं। बच्चे आपके दिन को बहुत मुश्किल बना सकते हैं। प्यार-दुलार के हथियार का इस्तेमाल कर उन्हें समझाएँ और अनचाहे तनाव से बचें। याद रखें कि प्यार ही प्यार को पैदा करता है। अपने प्रिय की नाराज़गी के बावजूद अपना प्यार ज़ाहिर करते रहें। किसी के साथ नयी परियोजना या भागीदारी वाले व्यवसाय को शुरू करने से बचें। आज आप अपने जीवनसाथी के साथ समय गुजारेंगे लेकिन किसी पुरानी बात के फिर से सामने आने की वजह से आप दोनों के बीच कहासुनी होने की आशंका है। आपका जीवनसाथी अपने दोस्तों में कुछ ज़्यादा व्यस्त हो सकता है, जिसके चलते आपके उदास होने की संभावना है।

कर्क- (ही हू हे हो डा डी डू डे डो)
आज आप उम्मीदों की दुनिया में हैं। जिन लोगों ने अपना पैसा सट्टेबाजी में लगा रखा था आज उन्हें नुक्सान होने की संभावना है। सट्टेबाजी से दूर रहने की आपको सलाह दी जाती है। जीवनसाथी के साथ ख़रीदारी मज़ेदार रहेगी। इससे आप दोनों के बीच की समझ में भी बढोत्तरी होगी। प्रेम-जीवन में आशा की नयी किरण आयेगी। अपनी कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए नयी तकनीकों का सहारा लें। आपकी शैली और काम करने का नया अन्दाज़ उन लोगों में दिलचस्पी पैदा करेगा, जो आप पर नज़दीकी से ग़ौर करते हैं। अपने जिगरी यारों के साथ आज आप खाली समय का आनंद लेने का विचार बना सकते हैं। जीवनसाथी के साथ हँसते-खिलखिलाते, हर पल का आनंद लेते हुए आप महसूस करेंगे कि आप किशोरावस्था में लौट गए हैं।

सिंह- (मा मी मू मे मो टा टी टू टे)
आज आपके पास अपनी सेहत से जुड़ी चीज़ों को सुधारने के लिए पर्याप्त समय होगा। उधार मांगने वाले लोगों को नज़रअन्दाज़ करें। घर में किसी भी तरह का बदलाव करने से पहले अपने बड़ों की राय लें, नहीं तो वे आपसे नाराज़ हो सकते हैं। रोमांस आनन्ददायी और काफ़ी रोमांचक रहेगा। ऐसे काम हाथ में लें, जो रचनात्मक प्रकृति के हैं। सेमिनार और प्रदर्शनी आदि आपको नई जानकारियाँ और तथ्य मुहैया कराएंगे। आपको और आपके जीवनसाथी को कोई बहुत सुखद ख़बर सुनने को मिल सकती है।

कन्या- (टो प पी पू ष ण ठ पे पो)
आज आपकी शारीरिक बीमारी के सही होने की काफ़ी संभावनाएँ हैं और इसके चलते आप शीघ्र ही खेल-कूद में हिस्सा ले सकते हैं। अपने गुस्से पर काबू रखें और ऑफिस में सबके साथ ढ़ग से व्यवहार करें अगर आप ऐसा नहीं करते तो आपकी जॉब जा सकती है और आपकी आर्थिक स्थिति खराब हो सकती है। शाम का ज़्यादातर समय मेहमानों के साथ गुज़रेगा। आपके प्यार को न सुनना पड़ सकता है। अहम् लोगों से बातचीत करते वक़्त अपने आँख-कान खुले रखिए, हो सकता है आपके हाथ कोई क़ीमती बात या विचार लग जाए। इस राशि के लोगों को आज अपने आप को समझने की जरुरत है। यदि आपको लगता है कि आप दुनिया की भीड़ में कहीं खो गये हैं तो अपने लिए वक्त निकालें और अपने व्यक्तित्व का आकलन करें। आपके लिए यह ख़ूबसूरत रोमानी दिन रहेगा, लेकिन सेहत को लेकर थोड़ी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

तुला- (रा री रू रे रो ता ती तू ते)
आज खाते-पीते वक़्त सावधान रहें। लापरवाही बीमारी की वजह बन सकती है। इस राशि के जो लोग विदेशों से व्यापार करते हैं उन्हें आज अच्छा खासा धन लाभ हो सकता है। सामाजिक उत्सवों में सहभागिता का मौक़ा है, जो आपको प्रभावशाली व्यक्तियों के संपर्क में लाएगा। आज आप महसूस करेंगे कि प्यार दुनिया में हर मर्ज़ की दवा है। बैंकिग क्षेत्र से जुड़े लोगों को कोई अच्छी ख़बर मिल सकती है। पदोन्नति की काफ़ी संभावना है। यात्रा आपके लिए आनन्ददायक और बहुत फ़ायदेमंद होगी। लंबे वक़्त के बाद आप अपने जीवनसाथी के साथ नज़दीकी महसूस कर पाएंगे।

वृश्चिक- (तो ना नी नू ने नो या यी यू)
आज का दिन ऐसे काम करने के लिए बेहतरीन है, जिन्हें करके आप ख़ुद के बारे में अच्छा महसूस करते हैं। दोस्तों की मदद से वित्तीय कठिनाईयाँ हल हो जाएंगी। घरेलू ज़िन्दगी में कुछ तनाव का सामना करना पड़ सकता है। अपने रोमांटिक ख़यालों को हर किसी को बताने से बचें। अपने उद्देश्यों की ओर शान्ति से बढ़ते रहें और सफलता मिलने से पहले अपने पत्ते न खोलें। खाली वक्त में आप कोई फिल्म देख सकते हैं यह फिल्म आपको पसंद नहीं आएगी और आपको लगेगा कि आपने अपना कीमती वक्त जाया कर दिया। अपने जीवनसाथी की नुक़्ताचीनी से आप आज परेशान हो सकते हैं, लेकिन वह आपके लिए कुछ बढ़िया भी करने वाला है।

धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)
आज के दिन लाभ की संभावनाएं बनते बनते बिगड़ सकती है आलस्य की प्रवृति इसका कारण बनेगी। परन्तु फिर भी कार्य क्षेत्र पर सम्मानजनक स्थित बनी रहेगी। प्रतिस्पर्धी भी आपकी कार्य शैली से प्रभावित रहेंगे। जिस कार्य में हाथ डालेंगे सफलता सुनिश्चित रहेगी लेकिन धन लाभ को लेकर स्थिति गंभीर रहेगी धन सम्बंधित कार्यो के प्रति लापरवाह भी रहेंगे जिसका लाभ कोई अन्य व्यक्ति उठा सकता है। सेहत भी लगभग सामान्य बनी रहेगी परन्तु फिर भीं कार्यो के प्रति अधिक गंभीर नहीं रहेंगे। पारिवारिक वातावरण बीच बीच में उग्र बन सकता है। शांति बनाए रखें।

मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)
आज भी दिन आपकी अपेक्षाओं पर खरा उतरेगा परन्तु आकस्मिक खर्च आज अधिक रहने से परेशानी भी होगी। व्यापारी एवं नौकरी पेशा वर्ग आज अधूरे कार्य पूर्ण करने के कारण जल्दी जुट जाएंगे। लाभ की संभावना भी यथावत बनी रहेगी धन लाभ थोड़े थोड़े अंतराल पर होता रहेगा। अनैतिक कार्यो से भी लाभ होने की संभावना है परंतु सावधानी भी अपेक्षित है। धार्मिक कार्य क्रमो के प्रसंग अचानक बनेंगे धार्मिक क्षेत्र की यात्रा भी कर सकते है। स्त्री वर्ग आज आप पर हावी रहेंगी फिर भी असहजता नहीं मानेंगे। घर में शांति बनी रहेगी।

कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)
आपकी आज की दिनचर्या भी संघर्ष वाली रहेगी। परिश्रम अधिक करने पर भी अल्प लाभ होने से मन दुःख होगा। सरकारी कार्यो में भी किसी की सहायता की आवश्यकता पड़ेगी। उधार लिया धन अथवा अन्य वस्तु आज वापस करना लाभदायक रहेगा। फिर भी घर के सदस्य आपसी सम्बन्धो को अधिक महत्त्व देंगे रिश्तों में भावुकता अधिक रहेगी। नौकरी पेशा जातक व्यवहार शून्यता के कारण अपमानित हो सकते है सतर्क रहें। धन लाभ आशा के विपरीत रहने से कार्यो में बाधा आएगी। खर्च बराबर रहेंगे। शेयर सम्बंधित कार्यो में धन अटक सकता है। घर में मौन रहें।

मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)
आज आप प्रातः काल से ही यात्रा की योजना बनाएंगे परन्तु अंतिम समय में किसी कार्य के आने से विघ्न आ सकते है। मन इच्छित कार्य ना होने से दिन भर क्षुब्ध रहेंगे। घर एव बाहर आपका व्यवहार विपरीत रहने के कारण विवाद हो सकता है। आज आप अपने आगे किसी की नहीं चलने देंगे। सहकर्मी आपसे परेशान रह सकते है परन्तु जाहिर नहीं करेंगे। लोगो की भावनाओं को ध्यान में रख व्यवहार करें शांति बनी रहेगी। आज किसी गुप्त रोग होने से नई परेशानी खड़ी हो सकती है। धन सम्बंधित मामलो को लेकर चिंता बढ़ेगी। गृहस्थ जीवन में नीरसता बढ़ने से बाहर का। वातावरण ज्यादा पसंद आएगा।
〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

home होम live_tv लाइव टीवी
WhatsApp sports_cricket क्रिकेट subscriptions यूट्यूब