श्रीडूंगरगढ़ टुडे 15 दिसंबर 2025
पंचांग का अति प्राचीन काल से ही बहुत महत्त्व माना गया है। शास्त्रों में भी पंचांग को बहुत महत्त्व दिया गया है और पंचाग का पठन एवं श्रवण अति शुभ माना गया है। पंचांग में सूर्योदय सूर्यास्त, चद्रोदय-चन्द्रास्त काल, तिथि, नक्षत्र, मुहूर्त योगकाल, करण, सूर्य-चंद्र के राशि, चौघड़िया मुहूर्त दिए गए हैं।
जय श्री गणेशाय नमः
जय श्री कृष्णा
आज का पंचांग-15.12.2025
✴️दैनिक गोचर ग्रह एवं राशिफल✴️
🕉️ शुभ सोमवार – 🌞 – शुभ प्रभात् 🕉️
74-30💥मध्यमान्💥75-30
(केतकी चित्रापक्षीय गणितानुसारेण निर्मितम्)
आज विशेष
शास्त्रों में धनुर्मास महत्व कथा एवं पूजा विधि
दैनिक पंचांग विवरण
आज दिनांक………………….15.12.2025
कलियुग संवत्…………………………5127
विक्रम संवत्…………………………. 2082
शक संवत्……………………………..1947
संवत्सर…………………………. श्री सिद्धार्थी
अयन…………………………………..दक्षिण
गोल………………………. …………..दक्षिण
ऋतु…………………………………… .हेमंत
मास………………………………………पौष
पक्ष………………………………………कृष्ण
तिथि… .एकादशी. रात्रि. 9.21 तक / द्वादशी
वार………………………………….. सोमवार नक्षत्र…….. चित्रा. प्रातः 11.09 तक / स्वाति
चंद्रमा……………….. तुला. संपूर्ण (अहोरात्र)
योग….शोभन. अपरा.12.29 तक / अतिगंड
करण…………………..बव. प्रातः 8.03 तक
करण……. बालव. रात्रि. 9.21 तक / कौलव
नोट-जिस रात्रि समय के ऊपर(*) लगा हुआ हो
वह समय अर्द्ध रात्रि के बाद सूर्योदय तक का है।
विभिन्न नगरों के सूर्योदय में समयांतर मिनट
दिल्ली -10 मिनट———जोधपुर +6 मिनट
जयपुर -5 मिनट——अहमदाबाद +8 मिनट
इंदौर – 4 मिनट————-मुंबई +7 मिनट
लखनऊ – 25 मिनट——बीकानेर +5 मिनट
कोलकाता -54 मिनट–जैसलमेर +15 मिनट
सूर्योंदयास्त दिनमानादि-अन्य आवश्यक सूची
सूर्योदय…………………..प्रातः 7.10.48 पर
सूर्यास्त…………………..सायं. 5.42.31 पर
दिनमान-घं.मि.से……………….. 10.31.42
रात्रिमान………………………….13.28.52
चंद्रास्त………………….. 2.18.56 PM पर
चंद्रोदय………………….. 3.49.58 AM पर
राहुकाल….प्रातः 8.30 से 9.49 तक(अशुभ)
यमघंट…..पूर्वा. 11.08 से 12.27 तक(शुभ)
गुलिक….अपरा. 1.46 से 3.05(शुभे त्याज्य)
अभिजित….. मध्या.12.06 से 12.48 (शुभ)
पंचक………………………………….. नहीं है।
हवन मुहूर्त………………………. आज नहीं है।
दिशाशूल………………………….. . पूर्व दिशा
दोष परिहार…… दूध का सेवन कर यात्रा करें
🌄विशिष्ट काल-मुहूर्त-वेला परिचय🌄
अभिजित् मुहुर्त – दिनार्द्ध से एक घटी पहले और एक घटी बाद का समय अभिजित मुहूर्त कहलाता है,पर बुधवार को यह शुभ नहीं होता।
ब्रह्म मुहूर्त – सूर्योदय से पहले का 1.30 घंटे का समय ब्रह्म मुहूर्त कहलाता है।
प्रदोष काल – सूर्यास्त के पहले 45 मिनट और
बाद का 45 मिनट प्रदोष माना जाता है।
गौधूलिक काल– सूर्यास्त से 12 मिनट पहले एवं
12 मिनट बाद का समय कहलाता है।
🌄✴️भद्रा वास शुभाशुभ विचार✴️🌄
भद्रा मेष, वृष, मिथुन, वृश्चिक के चंद्रमा में स्वर्ग में व कन्या, तुला, धनु, मकर के चंद्रमा में पाताल लोक में और कुंभ, मीन, कर्क, सिंह के चंद्रमा में मृत्युलोक में मानी जाती है।यहां स्वर्ग और पाताल लोक की भद्रा शुभ मानी जाती हैं। और मृत्युलोक की भद्रा काल में शुभ कार्य वर्जित होते हैं ।इसी तरह भद्रा फल विचार करें..
✴️सूर्योदय कालीन लग्न एवं ग्रह स्पष्ट✴️
लग्न /ग्रह – राशि – अंश – कला – चरणाक्षर
लग्न ……………वृश्चिक 28°44′ ज्येष्ठा 4 यू
सूर्य ……………..वृश्चिक 29°6′ ज्येष्ठा 4 यू
चन्द्र ………………..तुला 4°43′ चित्रा 4 री
बुध ………….वृश्चिक 9°49′ अनुराधा 2 नी
शुक्र ^ ………..वृश्चिक 23°42′ ज्येष्ठा 3 यी
मंगल ^ …………….. धनु 5°37′ मूल 2 यो
बृहस्पति * …….मिथुन 29°9′ पुनर्वसु 3 हा
शनि ………….मीन 1°16′ पूर्वभाद्रपद 4 दी
राहू * ………. कुम्भ 18°55′ शतभिषा 4 सू
केतु * …… सिंह 18°55′ पूर्व फाल्गुनी 2 टा
✴️🌄दिन का चौघड़िया🌄✴️
अमृत…………….प्रातः 7.11 से 8.30 तक
शुभ…………….प्रातः 9.49 से 11.08 तक
चंचल…………..अपरा. 1.46 से 3.05 तक
लाभ……………अपरा. 3.05 से 4.24 तक
अमृत…………….सायं. 4.24 से 5.43 तक
✴️🌄रात्रि का चौघड़िया🌄✴️
चंचल………सायं-रात्रि. 5.43 से 7.24 तक
लाभ……रात्रि. 10.46 से 12.27 AM तक
शुभ…..रात्रि. 2.08 AM से 3.49 AM तक
अमृत…रात्रि. 3.49 AM से 5.30 AM तक
चंचल….रात. 5.30 AM से 7.11 AM तक
(विशेष – ज्योतिष शास्त्र में एक शुभ योग और एक अशुभ योग जब भी साथ साथ आते हैं तो शुभ योग की स्वीकार्यता मानी गई है )
🌞🕉️शुभ शिववास की तिथियां🕉️🌞
शुक्ल पक्ष-2—–5—–6—- 9——-12—-13.
कृष्ण पक्ष-1—4—-5—-8—11—-12—-30.
दिन नक्षत्र एवं चरणाक्षर संबंधी संपूर्ण विवरण
संदर्भ विशेष -यदि किसी बालक का जन्म गंड नक्षत्रों (रेवती, अश्विनी, अश्लेषा, मघा, ज्येष्ठा और मूल) में होता है तो सविधि नक्षत्र शांति की आवश्यक मानी गयी है जो सविधि होनी चाहिये
आज जन्मे बालकों का नक्षत्र के चरण के समय समय के अनुसार राशिगत् नामाक्षर….
समय-नक्षत्र नाम-नक्षत्र चरण-चरणाक्षर
11.09 AM तक——चित्रा—-4——–री
05.53 PM तक—–स्वाति—-1——–रू
12.38 AM तक—–स्वाति—-2———रे
उपरात रात्रि तक—–स्वाति—-3——–रो
राशि तुला – पाया रजत
आज का दिन
व्रत विशेष………सफला एकादशी (सर्वेषाम्)
अन्य व्रत………………………………नहीं है।
पर्व विशेष……………………………..नहीं है।
दिन विशेष…………सरदार पटेल पुण्य तिथि
दिन विशेष………….. अंतर्राष्ट्रीय चाय दिवस
विष्टि(भद्रा)……………………..आज नहीं है।
हवन मुहूर्त…………………….. आज नहीं है।
खगोलीय…. शुक्रास्त पूर्वे. अपररा. 2.51 पर
खगोलीय….. धनुष्यsर्क में. रात्रि. 4.29* पर
सर्वा.सि.योग…………………………. नहीं है। अमृ.सि.योग…………………… आज नहीं है।
सिद्ध रवियोग……………………आज नहीं है।
अगले दिन की प्रतीकात्मक जानकारी
दिनांक……………………….16.12.2025
तिथि…………. पौष कृष्णा द्वादशी मंगलवार
व्रत विशेष……………………………. नहीं है।
अन्य व्रत……………………………… नहीं है।
पर्व विशेष……………………………..नहीं है।
दिन विशेष………….. दिसम्बर विजय दिवस
विष्टि(भद्रा)…………………….. आज नहीं है।
हवन मुहूर्त………………………….. आज है।
खगोलीय……………………….. आज नहीं है।
सर्वा.सि.योग…………………………. नहीं है।अमृ.सि.योग……………………. आज नहीं है।
सिद्ध रवियोग…………………… आज नहीं है।
✴️आज की विशेष प्रस्तुति✴️
💥धर्म ज्योतिष वास्तु एवं गोचर राशिफल 💥
शास्त्रों में धनुर्मास महत्व कथा एवं पूजा विधि
धनुर्मास महत्व कथा व्रत पूजा विधि भारत के दक्षिण भाग में यह तीस दिवसीय त्यौहार विस्तार से मनाया जाता हैं. धनुर्मास तीस दिनों का त्यौहार होता है, जिसमे खासतौर पर भगवान विष्णु की उपासना की जाती हैं. यह त्यौहार खासतौर पर दक्षिण भारत में मनाया जाता हैं. भक्ति के भाव को जगाने के लिए इस महीने में धार्मिक कर्मो के अलावा अन्य कार्यो जैसे शादी मुंडन आदि को करना निषेध माना जाता है. जिससे मनुष्य का मन विचलित न हो और वो पूरे मन से ईश्वर उपासना करें. इस प्रकार पुराणों के अनुसार इन दिनों शादी की कोई उपयुक्त तिथी नहीं निकलती. भगवान वैकुंठ नाथ की पूजा का महत्व होता है, इसलिए इन दिनों में आने वाली एकादशी को वैकुण्ठ एकादशी कहा जाता हैं इस दिन का धनुर्मास ने सर्वाधिक महत्व होता हैं.
कब मनाया जाता धनुर्मास
धनुर्मास तीस दिनों का त्यौहार है, जो कि मध्य मार्गशीर्ष से शुरू होकर मध्य पौष में खत्म होता हैं. इस प्रकार यह 16 दिसम्बर से शुरू होकर 14 जनवरी को समाप्त होगा. यह मास मकर संक्रांति पर खत्म होता हैं. जब सूर्य धनु राशि में प्रवेश करता है, तब धनुर्मास का प्रारंभ होता है, जिसे धनु संक्रांति कहते हैं.
जब सूर्य कर्क रेखा से उत्तर की तरफ बढ़ता हैं और मकर राशि में प्रवेश करता हैं तब उत्तरायण होता है और इसके विपरीत दक्षियायण होता हैं. अर्थात धनुर्मास उत्तरायण के समय होता हैं.
धनुर्मास को धनुमास, चाप मास, कोदंडा मास, कार्मुका मास भी कहा जाता हैं. धनु का अर्थ धनुष से होता हैं. अतः इसे शून्य मास भी कहा जाता हैं.
धनुर्मास कथागोदा रंगनाथ कल्याण उत्सव
यह दक्षिण भारत का प्रमुख उत्सव हैं. इसके पीछे एक पौराणिक कथा प्रचलित हैं.इस धनुर्मास में गोदा रंगनाथ कल्याण उत्सव का महत्व सबसे अधिक होता हैं. कैसे शुरू हुआ धनुर्मास किसके पीछे की कहानी पढ़े..
यह घटना बिल्ली पुर गाँव की हैं.जहाँ विष्णुचित्तजी का निवास था.विष्णु चित्त जी के उद्यान से गोदाम जी प्रकट हुए उस वक्त स्वयम भगवान ने विष्णु चित्त जी को स्वप्न में बताया कि यह गोदाम जी भूमि माता का अवतार हैं. यह वही भूमि हैं जिसका भगवान के वराह अवतार ने उद्धार किया था. गोदाम जी का जन्म क्यूँ हुआ इसका महत्व भी विष्णु चित्त जी को बताया गया.
पूर्व जन में भूमि देवी ने भगवान विष्णु से पूछा कि आप कैसे प्रसन्न होते हैं ? तब भगवान ने कहा मेरी पूजा कर स्त्रोत का पाठ करने से मैं प्रसन्न होता हूँ इसी उद्देश्य की प्राप्ति के लिए भूमि देवी ने गोदाम जी के रूप में जन्म लिया हैं.
गोदाम जी ने तिरूप्पावै नामक स्त्रोत को रचा एवम उसका पाठ किया. गोदाम जी ने भगवान विष्णु के अवतार रंगनाथ को मन में बसा कर पूजा एवम पाठ प्रारंभ किया. यह पाठ धनु संक्रांति से मकर संक्रांति तक किया गया. इन तीस दिनों में सत्ताविस्वे दिन भगवान रंगनाथ ने जन्म लिया इस प्रकार इस दिन कों गोदा रंगनाथ कल्याण उत्सव के रूप में प्रति वर्ष मनाया जाता हैं.और इन तीस दिनों को धनु मास अथवा धनुर्मास कहा जाता हैं.
1.इन दिनों भगवान विष्णु की उपासना का महत्व होता हैं.
इन दिनों अन्य उत्सव जैसे शादी, मुंडन आदि करना निषेध माना जाता हैं.
2.इन दिनों सूर्योदय से पहले उठकर स्नान किया जाता हैं और सूर्य उदय के आधे घंटे पहले पूजा की जाती हैं. इसे ब्रह्ममुहूर्त में होने वाली पूजा कहा जाता हैं.
3.इन दिनों विष्णु भगवान के श्लोको का उच्चारण किया जाता हैं.
4.इन दिनों गरीबो एवम ब्राह्मणों को दान दिया जाता हैं.
5.इन दिनों विष्णु की उपासना हजार वर्षों की उपासना के समान मानी जाती हैं.
6.इस पुरे मास वेंकटेश स्त्रोत का पाठ किया जाता हैं।
मंदिरों में वेंकट आरती की जाती हैं।
✴️ 🕉️आज का राशिफल🕉️ ✴️
मेष-(चू चे चो ला ली लू ले लो अ)
आज अपनी ख़ुशियों को दूसरों के साथ साझा करना आपकी सेहत को भी बेहतर करेगा। लेकिन ख़याल रखें कि इसे नज़रअंदाज़ करना बाद में भारी पड़ सकता है। इस राशि केे कुछ लोगों को आज संतान पक्ष से आर्थिक लाभ होने की उम्मीद है। आज आपको अपनी संतान पर गर्व महसूस होगा। दोस्त शाम के लिए कोई बढ़िया योजना बनाकर आपका दिन ख़ुशनुमा कर देंगे। रोमांस के लिए बढ़ाए गए क़दम असर नहीं दिखाएंगे। आपके पास आज अपनी क्षमताओं को दिखाने के मौक़े होंगे। अपने मन पर काबू रखना सीखें क्योंकि कई बार आप मन की मानकर अपना कीमती समय बर्बाद कर देते हैं। आज भी आप ऐसा कुछ कर सकते हैं। जीवनसाथी के किसी अचानक काम की वजह से आपकी योजनाएँ बिगड़ सकती हैं। लेकिन फिर आपको महसूस होगा कि जो होता है अच्छे के लिए ही होता है।
वृषभ-(इ उ एओ वा वी वू वे वो)
आज आपको लंबे समय से महसूस हो रही थकान और तनाव से आराम मिलेगा। इन परेशानियों से स्थायी निजात पाने के लिए जीवन-शैली में बदलाव लाने का सही समय है। आज के दिन आपको धन लाभ होने की पूरी संभावना है लेकिन इसके साथ ही आपको दान-पुण्य भी करना चाहिए क्योंकि इससे आपको मानसिक शांति मिलेगी। घरेलू ज़िंदगी सुकूनभरी और ख़ुशनुमा रहेगी। आज का दिन समझ-बूझ के क़दम उठाने का है, इसलिए तब तक अपने विचार व्यक्त न करें जब तक आप उनकी सफलता के लिए आश्वस्त न हों। दिन अच्छा है, आज के दिन अपने लिए समय निकालें और अपनी कमियों और खूबियों पर गौर करें। इससे आपके व्यक्तित्व में सकारात्मक परिवर्तन आएंगे। कुछ लोग सोचते हैं कि वैवाहिक जीवन ज़्यादातर झगड़ों के इर्द-गिर्द ही घूमता है, लेकिन आज आपके लिए सब कुछ शान्त रहने वाला है।
मिथुन- (क की कू घ ङ छ के को ह)
आज मौज-मस्ती और मनपसंद काम करने का दिन है। आज का दिन ऐसी चीज़ों को ख़रीदने के लिए बढ़िया है, जिनकी क़ीमत आगे चलकर बढ़ सकती है। घर के माहौल की वजह से आप उदास हो सकते हैं। आज के इस ख़बसूरत दिन प्रेम-संबंध में आपकी सभी शिकायतें ग़ायब हो जाएंगी। मुश्किल मामलों से बचने के लिए आपको अपने संपर्क उपयोग करने की ज़रूरत है। काम को समय पर निपटाकर जल्दी घर जाना आज आपके लिए अच्छा रहेगा इससे आपके परिवार वालों को भी खुशी मिलेगी और आप भी तरोताजा महसूस करेेंगे। आज के दिन आपका वैवाहिक जीवन एक ख़ूबसूरत बदलाव से गुज़रेगा।
कर्क- (ही हू हे हो डा डी डू डे डो)
आज अपने खान-पान का विशेष ध्यान रखें। ख़ास तौर पर माइग्रेन के मरीज़ों को समय पर खाना नहीं छोड़ना चाहिए, नहीं तो उन्हें व्यर्थ में भावनात्मक तनाव से गुज़रना पड़ सकता है। अगर आप लोन लेने वाले थे और काफी दिनों से इस काम में लगे थे तो आज के दिन आपको लोन मिल सकता है। किसी ऐतिहासिक इमारत के आस-पास सैर-सपाटे की योजना बनाएँ। इससे बच्चों और परिवार के सदस्यों को ज़रूरी ताज़गी मिलेगी। सिर्फ़ स्पष्ट समझ के माध्यम से आप अपनी पत्नी/पति को भावनात्मक सहारा दे सकते हैं। ऐसा लगता है कि कुछ समय के लिए आप नितांत एकाकी है। सहकर्मी/सहयोगी मदद के लिए हाथ बढ़ा सकते हैं, लेकिन वे ज़्यादा सहायता नहीं कर पाएंगे। बेवजह की उलझनों से दूर होकर आज आप किसी मंदिर, गुरुद्वारे या किसी भी धार्मिक स्थल पर अपना खाली समय बिता सकते हैं। जीवन साथी से पूर्णरूपेण सहयोग न मिलने के कारण आप निराश हो सकते हैं।
सिंह- (मा मी मू मे मो टा टी टू टे)
आज ख़याली पुलाव पकाने में वक़्त ज़ाया न करें। सार्थक कामों में लगाने के लिए अपनी ऊर्जा बचाकर रखें। अगर आपका धन से जुड़ा कोई मामला कोर्ट-कचहरी में अटका था तो आज उसमें आपको विजय मिल सकती है और आपको धन लाभ हो सकता है। मुसीबत के वक़्त परिवार से आपको मदद और सलाह हासिल होगी। आप दूसरों के तजुर्बों से कुछ सबक़ सीख सकते हैं। यह आपके आत्मविश्वास की मज़बूती के लिए बहुत ज़रूरी है। आज किसी ऐसे इंसान से मिलने की संभावना है जो आपके दिल को गहराई से छूएगा। दफ़्तर में आप तारीफ़ पाएंगे। दिन की शुरुआत भले ही थोड़ी थकाऊ रहे लेकिन जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ेगा आपको अच्छे फल मिलने लगेंगे। दिन के अंत में आपको अपने लिए समय मिल पाएगा और आप किसी करीबी से मुलाकात करके इस समय का सदुपयोग कर सकते हैं। अगर आप कोशिश करें तो आप अपने जीवनसाथी के साथ अपने जीवन का सबसे अच्छा दिन आज गुज़ार सकते हैं।
कन्या- (टो प पी पू ष ण ठ पे पो)
आज ज़्यादा यात्रा करना झुंझलाहट पैदा कर सकता है। दिन चढ़ने पर वित्तीय तौर पर सुधार आएगा। आम परिचितों से व्यक्तिगत बातों को बांटने से बचें। प्यार के सकारात्मक संकेत आपको मिलेंगे। व्यावसायिक मीटिंग के दौरान भावुक और बड़बोले न हों- अगर आप अपनी ज़बान पर क़ाबू नहीं रखेंगे तो आप आसानी से अपनी प्रतिष्ठा धूमिल कर सकते हैं। यह दिन बेहतरीन दिनों में से एक हो सकता है। आज दिन में आप कई अच्छे प्लान भविष्य के लिए बना सकते हैं लेकिन शाम के वक्त किसी दूर के रिश्तेदार के घर में आ जाने के कारण आपके सारे प्लान धरे के धरे रह सकते हैं। आपका जीवनसाथी आपको इतना बेहतरीन पहले कभी महसूस नहीं हुआ। आपको उनसे कोई बढ़िया सरप्राइज़ मिल सकता है।
तुला- (रा री रू रे रो ता ती तू ते)
आज मौज-मस्ती और मनपसंद काम करने का दिन है। आप उन योजनाओं में निवेश करने से पहले दो बार सोचें जो आज आपके सामने आयी हैं। अपने बर्ताव में उदार बनें और परिवार के साथ प्यार भरे लम्हे गुज़ारें। रोमांटिक मुलाक़ात आपकी ख़ुशी में तड़के का काम करेगी। नए ग्राहकों से बात करने के लिए बेहतरीन दिन है। सेमिनार और प्रदर्शनी आदि आपको नई जानकारियाँ और तथ्य मुहैया कराएंगे। आज से पहले शादीशुदा ज़िन्दगी इतनी अच्छी कभी नहीं रही।
वृश्चिक- (तो ना नी नू ने नो या यी यू)
आज दिन की शुरुआत आप योग ध्यान से कर सकते हैं। ऐसा करना आपके लिए फायदेमंद रहेगा और सारे दिन आपमें ऊर्जा रहेगी। आज आप काफ़ी पैसे बना सकते हैं- लेकिन इसे अपने हाथों से फिसलने न दें। पुराने दोस्त मददगार और सहयोगी साबित होंगे। आप अचानक गुलाबों की ख़शबू से ख़ुद को सराबोर पाएंगे। किसी लघु या मध्यावधि पाठ्यक्रम में दाखिला लेकर अपनी तकनीकी क्षमताओं में निखार लाएँ। कोई आध्यात्मिक गुरू या बड़ा आपकी सहायता कर सकता है। आज आपका आपस में कुछ ज्यादा विवाद हो सकता है जिसके दूरगामी परिणाम वैवाहिक जीवन के लिए नकारात्मक हो सकते हैं।
धनु-ये यो भा भी भू धा फा ढ़ा भे)
आज आप धैर्य बनाए रखें, क्योंकि आपकी समझदारी और प्रयास आपको सफलता ज़रूर दिलाएंगे। आज आप आसानी से पैसे इकट्ठा कर सकते हैं- लोगों को दिए पुराने कर्ज़ वापिस मिल सकते हैं- या फिर किसी नयी परियोजना पर लगाने के लिए धन अर्जित कर सकते हैं। छोटे भाई-बहन आपसे राय मांग सकते हैं। आज आप कोई दिल टूटने से बचा सकते हैं। अगर आप अपना ज्ञान और अनुभव औरों के साथ बाटेंगे, तो निश्चय ही आपको प्रतिष्ठा मिलेगी। किसी भी स्थिति में आपको अपने समय का ख्याल रखना चाहिए याद रखिये अगर समय की कद्र नहीं करेंगे तो इससे आपको ही नुकसान होगा। आपके जीवनसाथी की मुस्कान पल भर में आपका सारा दर्द ग़ायब करने की क्षमता रखती है।
मकर- (भो जा जी खी खू खे खो गा गी)
आज अपने दफ़्तर से जल्दी निकलने की कोशिश करें और वे काम करें जिन्हें आप वाक़ई पसंद करते हैं। व्यापार में मुनाफा आज कई व्यापारियों के चेहरे पर खुशी ला सकता है। अपने घर के वातावरण में कुछ बदलाव करने से पहले आपको सभी की राय जानने की कोशिश करनी चाहिए। आज आपको निराशा हाथ लग सकती है, क्योंकि संभव है कि आप अपने प्रिय के साथ सैर-सपाटे पर न जा पाएँ। अपनी कोशिशों को सही दिशा दें और आपको असाधारण क़ामयाबी मिल जाएगी। हितकारी ग्रह कई ऐसे कारण पैदा करेंगे, जिनकी वजह से आज आप ख़ुशी महसूस करेंगे। आपके जीवनसाथी की ओर से मिला कोई ख़ास तोहफ़ा आपके खिन्न मन को ख़ुश करने में काफ़ी मददगार साबित होगा।
कुंभ- (गू गे गो सा सी सू से सो द)
आज योग और ध्यान आपको बेडौल होने से बचाने और मानसिक तौर पर सेहतमंद रखने में मददगार साबित होंगे। जिन लोगों की अब तक तनख्वाह नहीं आयी है आज वो पैसों के लिए बहुत परेशान रह सकते हैं और अपने किसी दोस्त से उधार मांग सकते हैं। सामाजिक उत्सवों में सहभागिता का मौक़ा है, जो आपको प्रभावशाली व्यक्तियों के संपर्क में लाएगा। हालाँकि प्यार में निराशा हाथ लग सकती है लेकिन हिम्मत मत हारिए क्योंकि आखिर में जीत सच्चे प्यार की ही होती है। साझीदारी में किसी नई परियोजना को शुरू करने के लिए अच्छा दिन है। इससे सभी को मुनाफ़ा होगा। लेकिन साझीदार से हाथ मिलाने से पहले भली-भांति विचार कर लें। पैसा, प्यार, परिवार से दूर होकर आज आप आनंद की तलाश में किसी आध्यात्मिक गुरु से मिलने जा सकते हैं। उबाऊ होती शादीशुदा ज़िन्दगी के लिए कुछ रोमांच ढूंढने की ज़रूरत है।
मीन- (दी दू थ झ ञ दे दो च ची)
आज किसी ऊँचे और ख़ास इंसान से मिलते समय घबराएँ नहीं और आत्मविश्वास बनाए रखें। यह सेहत के लिए उतना ही ज़रूरी है, जितना काम-धंधे के लिए पैसा। आज आपको अपने भाई या बहन की मदद से धन लाभ होने की संभावना है। नाती-पोतों से आज काफ़ी ख़ुशी मिल सकती है। आपका प्रिय दिन भर आपको याद करने में समय बिताएगा। बड़े उद्योगपतियों के साथ साझीदारी का व्यवसाय फ़ायदेमंद रहेगा। आज के दिन घटनाएँ अच्छी तो होंगी, लेकिन तनाव भी देंगी – जिसके चलते आप थकान और दुविधा महसूस करेंगे।
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